चीन ग्रां प्री ने मैकलेरन के लिए एक असामान्य और निराशाजनक छवि छोड़ी। दोनों मोनोप्लाज़ा, लैंडो नॉरिस का और ऑस्कर पियास्ट्री का, स्टार्ट से ठीक पहले अपनी पावर यूनिट्स में इलेक्ट्रिकल फेल्योर का सामना किया, जिससे उनकी भागीदारी असंभव हो गई। टीम डायरेक्टर एंड्रिया स्टेला ने अपनी निराशा व्यक्त की और पुष्टि की कि वे मर्सिडीज HPP, उनके इंजन सप्लायर, के साथ मिलकर घटना की जांच करेंगे। यह शून्य स्कोर टीम के जटिल सीजन की शुरुआत को और बिगाड़ देता है।
पावर यूनिट की इलेक्ट्रिकल विश्वसनीयता पर नजर 🔍
MCL38 को स्थिर करने वाली समस्याएं पावर यूनिट के इलेक्ट्रिकल सिस्टम में प्रतीत होती हैं, विशेष रूप से कॉम्बशन इंजन के स्टार्ट से पहले के घटकों में। हालांकि फेल्योर स्वतंत्र और एक साथ हुए, वे एक सामान्य कमजोरी की ओर इशारा करते हैं। जांच इलेक्ट्रॉनिक कंट्रोल, सेंसर्स या ERS की बैटरी जैसे तत्वों पर केंद्रित होगी। इन हाइब्रिड सिस्टम्स की जटिलता के कारण एक छोटी सी खराबी कार को निष्क्रिय कर सकती है।
मास्टर प्लान: गैरेज से टायर्स और इंजनों की बचत 📊
मैकलेरन ने एक नवीन रेस स्ट्रैटेजी लागू की है। यह कार के घटकों की अधिकतम सुरक्षा करने पर आधारित है, एस्फाल्ट से रगड़ या इंजन पर तनाव से किसी भी घिसाव से बचाते हुए। निष्पादन निर्दोष था: कारों ने एक भी लैप नहीं लिया, टायर्स बिल्कुल नए जैसे हैं और पावर यूनिट्स ने मुश्किल से काम किया। लॉजिस्टिकल दक्षता का शानदार प्रदर्शन, हालांकि प्रशंसक इसे ट्रैक पर देखना चाहते थे, गैरेज के मॉनिटर पर नहीं।