इथियोपिया और सूडान के बीच संबंध सीमा पार हमलों के आरोप-प्रत्यारोप के बाद बिगड़ गए हैं। 2023 से गृह युद्ध में डूबा सूडान इथियोपियाई सेनाओं के घुसपैठ का आरोप लगाता है। वहीं, इथियोपिया कई आंतरिक विद्रोहों से जूझ रहा है और सूडान पर सीमा पार हमले करने का आरोप लगाता है। यह संघर्ष पहले से ही अशांत क्षेत्र को और अस्थिर करने की धमकी देता है।
ड्रोन और उपग्रह निगरानी: सीमाओं के पीछे की तकनीक 🛰️
सीमावर्ती क्षेत्र में टोही ड्रोन और उपग्रह निगरानी प्रणालियों का उपयोग तेज हो गया है। दोनों देश सैन्य गतिविधियों पर नज़र रखने के लिए ओपन-सोर्स तकनीक का उपयोग करते हैं, हालांकि सटीकता अभी भी सीमित है। डिजिटल प्लेटफार्मों पर उपलब्ध वाणिज्यिक उपग्रह चित्र बाहरी विश्लेषकों को कुछ घुसपैठों की पुष्टि करने की अनुमति देते हैं, लेकिन द्विपक्षीय समझौतों की कमी प्रभावी डेटा आदान-प्रदान को रोकती है।
कूटनीति: तू मुझे दोष दे, मैं तुझे दोष दूँ 🤷
ऐसा लगता है कि दोनों सरकारों ने एक ही रणनीति अपनाई है: अपनी समस्याओं को न देखने के लिए पड़ोसी को दोष देना। जहाँ सूडान बाहरी आरोपों से विचलित होता है, वहीं उसके आंतरिक गुट आपस में लड़ते रहते हैं। दूसरी ओर, इथियोपिया अपने विद्रोहों से ध्यान हटाने के लिए संघर्ष का उपयोग करता है। अंत में, एकमात्र विजेता वह है जो सीमा के नक्शे बेचता है, जो हर हफ्ते बदलते हैं।