मध्य पूर्व में सैन्य तनाव एक नए शिखर पर पहुंच गया है। संयुक्त राज्य अमेरिका और इज़राइल ने ईरान में सैन्य प्रतिष्ठानों और वायु रक्षा प्रणालियों के खिलाफ समन्वित हमले किए हैं। कथित आसन्न खतरों के आधार पर उचित ठहराए गए इस ऑपरेशन का उद्देश्य ईरान की जवाबी कार्रवाई की क्षमता को कमजोर करना है। दुनिया सावधानी से देख रही है जबकि क्षेत्र संभावित प्रतिशोध के लिए तैयार हो रहा है।
अत्याधुनिक तकनीक: संघर्ष में मिसाइलें और प्रतिउपाय 🚀
हमलों में ईरानी रडार और विमानभेदी बैटरियों को बेअसर करने के लिए क्रूज मिसाइलों और सटीक-निर्देशित बमों का इस्तेमाल किया गया। इस बीच, ईरान ने प्रोजेक्टाइल को मोड़ने के प्रयास में रूसी S-300 रक्षा प्रणालियों और इलेक्ट्रॉनिक युद्ध नेटवर्क को सक्रिय कर दिया। क्षेत्र में GPS सिग्नल और संचार में हस्तक्षेप की सूचना है। प्रारंभिक हमले में कामिकेज़ ड्रोन का उपयोग भी महत्वपूर्ण रहा होगा।
ईरान की प्रतिक्रिया: TikTok ब्लैकआउट और चुनिंदा WiFi कटौती 📵
जैसा कि उम्मीद थी, ईरान की प्रतिक्रिया आने में देर नहीं लगी: उन्होंने सोशल मीडिया तक पहुंच प्रतिबंधित कर दी और कई प्रांतों में इंटरनेट काट दिया। क्योंकि जब मिसाइलें गिर रही हों तो लोगों को बिल्लियों के वीडियो अपलोड करने से रोकने से बेहतर राष्ट्रीय रक्षा और कुछ नहीं हो सकता। जहां जनरल रणनीतियों पर चर्चा कर रहे हैं, वहीं नागरिक बहस कर रहे हैं कि क्या बुरा है: दुश्मन का हमला या इंस्टाग्राम के बिना रहना।