इमैनुएल मैक्रों ने पुष्टि की कि स्टेलेंटिस फ्रांस में इलेक्ट्रिक वाहनों के निर्माण के लिए एक अरब यूरो से अधिक का निवेश करेगा। इस कदम का उद्देश्य स्थानीय उत्पादन को मजबूत करना और ऊर्जा संक्रमण को गति देना है। यह परियोजना 2050 तक जीवाश्म ईंधन को खत्म करने की योजना के अनुरूप है, हालांकि यह रास्ता जटिल और महंगा होने का वादा करता है।
प्लेटफ़ॉर्म और बैटरी: विद्युतीकरण की तकनीकी चुनौती 🚗
यह निवेश सोचॉक्स और रेन्नेस जैसे संयंत्रों में असेंबली लाइनों को अपग्रेड करने के लिए किया जाएगा ताकि उन्हें मॉड्यूलर इलेक्ट्रिक प्लेटफॉर्म के अनुकूल बनाया जा सके। स्टेलेंटिस सॉलिड-स्टेट बैटरी और फास्ट-चार्जिंग सिस्टम को एकीकृत करने की योजना बना रहा है। इसका उद्देश्य मार्जिन खोए बिना किफायती मॉडल तैयार करना है, जो चीनी प्रतिस्पर्धियों से मुकाबला कर सके जो पहले से ही लिथियम और कोबाल्ट आपूर्ति श्रृंखला पर हावी हैं।
फ्रांसीसी चमत्कार: एक हाथ से विद्युतीकरण, दूसरे से भुगतान 🔋
मैक्रों हरी कारों का वादा करते हैं जबकि किसान गोलचक्करों पर टायर जलाते हैं। स्टेलेंटिस पैसा लगाता है, लेकिन नागरिक बिजली का भुगतान करेगा। सबसे अच्छी बात यह है कि 2050 तक कोई तेल नहीं बचेगा, लेकिन शायद चलने के लिए सड़कें भी नहीं होंगी। कम से कम इंजीनियरों के पास ऐसी बैटरी डिजाइन करने का काम होगा जो फ्रांसीसी सरकार से अधिक समय तक चले।