सिंगापुर में कॉन्डोमिनियम तेज गति से सौर ऊर्जा अपना रहे हैं। 2020 में 1,400 इमारतों में पैनल थे, 2025 तक यह संख्या बढ़कर 6,900 होने का अनुमान है, जो कुल का 8% होगा। इस उपाय से सामान्य क्षेत्रों में बिजली की लागत 20% से 40% तक कम हो सकती है, जो रखरखाव निधि के लिए राहत है। हालांकि, यह सार्वभौमिक रूप से संभव नहीं है: निर्माण प्रतिबंध और नियामक सीमाएं कई संपत्तियों को इस बदलाव में शामिल होने से रोकती हैं।
सौर प्रौद्योगिकी और इसकी तकनीकी सीमाएं ☀️
कॉन्डोमिनियम में पैनल लगाना सरल नहीं है: इसके लिए छत का संरचनात्मक विश्लेषण, उचित अभिविन्यास और न्यूनतम छाया आवश्यक है। आधुनिक फोटोवोल्टिक सिस्टम इनवर्टर और प्रदर्शन मॉनिटर को एकीकृत करते हैं, लेकिन उनकी दक्षता उपलब्ध सतह पर निर्भर करती है। पानी की टंकियों और एंटेना जैसी बाधाओं वाली छोटी या अवरुद्ध छतें उत्पादन क्षमता को कम कर देती हैं। इसके अलावा, अग्नि सुरक्षा नियम और अग्रभाग संरक्षण नियम विकल्पों को सीमित करते हैं, जिससे कई इमारतें योजना से बाहर रह जाती हैं।
सूरज सभी कॉन्डोमिनियम के लिए समान नहीं चमकता 🌇
जहां कुछ पड़ोसी अपने हल्के बिलों का जश्न मनाते हैं, वहीं अन्य ईर्ष्या से आसमान की ओर देखते हैं। पता चला कि एक बड़ी और खुली छत होना रखरखाव की लॉटरी जीतने जैसा है। उपकरणों से भरी या भूलभुलैया जैसी आकृति वाली छतों वाली इमारतें केवल इच्छा रखती हैं और उनका बिजली का बिल वैसा ही रहता है। अंत में, सूरज उदार है, लेकिन नौकरशाही और वास्तुकला कभी-कभी वहां बादल ला देते हैं जहां वे नहीं होते।