सोनी का नया कंसोल, PlayStation 5 Pro, 67% अधिक शक्तिशाली GPU और इसकी PSSR तकनीक के लिए समर्पित चिप के साथ आता है। यह AI-आधारित रीस्केलिंग सिस्टम प्रदर्शन का त्याग किए बिना छवि गुणवत्ता में सुधार करना चाहता है। हम विश्लेषण करते हैं कि डेवलपर्स और गेमर्स के लिए इसका क्या मतलब है।
GPU की तकनीकी छलांग और विकास पर PSSR का प्रभाव 🎮
PS5 Pro का GPU बेस मॉडल की तुलना में 67% अधिक कम्प्यूट यूनिट प्रदान करता है, जो अधिक जटिल रे ट्रेसिंग को सक्षम बनाता है। PSSR चिप एक AI अपस्केलर के रूप में काम करता है, जो कम रिज़ॉल्यूशन की छवि लेकर 4K या 8K आउटपुट उत्पन्न करता है। यह रेंडरिंग के कच्चे बोझ को कम करता है, जिससे स्टूडियो 60 fps पर सहजता खोए बिना अधिक घने दृश्य प्रभावों के लिए संसाधन आवंटित कर सकते हैं।
PSSR: रिज़ॉल्यूशन का जादूगर जो वेतन वृद्धि नहीं मांगता 🤖
देखिए, सोनी ने एक AI चिप को काम पर रखा है ताकि वह 90 के दशक के फोटो एडिटर से अधिक सुंदरता से पिक्सल को स्ट्रेच करने का गंदा काम कर सके। जबकि डेवलपर्स हाथ मल रहे हैं क्योंकि उन्हें अब उतना ऑप्टिमाइज़ नहीं करना पड़ेगा, हम गेमर्स उम्मीद करते हैं कि किनारों पर डरावना जेली प्रभाव न दिखे। हाँ, GPU 67% अधिक काम करता है, लेकिन PSSR छाया में काम करता है, उस साथी की तरह जो टीम वर्क करता है जबकि आप श्रेय लेते हैं।