बायलर कॉलेज ऑफ मेडिसिन और टेक्सास विश्वविद्यालय के एक अध्ययन ने टेक्सास के 16 शहरों के अपशिष्ट जल में ऑन्कोजेनिक वायरस का पता लगाया है। मई 2022 से मई 2025 के बीच, वैज्ञानिकों ने आनुवंशिक अनुक्रमण का उपयोग करके 40 से अधिक नमूनाकरण बिंदुओं का विश्लेषण किया। उन्होंने ह्यूमन पैपिलोमावायरस, हेपेटाइटिस बी और सी, एपस्टीन-बार और हर्पीसवायरस के निशान पाए, जिससे प्रत्यक्ष नैदानिक परीक्षणों की आवश्यकता के बिना स्वास्थ्य निगरानी का एक मार्ग खुल गया।
आनुवंशिक अनुक्रमण: अदृश्य का रडार 🧬
इस्तेमाल की गई तकनीक जटिल पर्यावरणीय नमूनों में वायरल आनुवंशिक सामग्री के टुकड़ों को पढ़ने की अनुमति देती है। शोधकर्ताओं ने इन रोगजनकों को अन्य सूक्ष्मजीवों से अलग करने के लिए सांद्रण फिल्टर और मेटाजेनोमिक अनुक्रमण लागू किया। यह विधि सक्रिय या निष्क्रिय वायरस के बीच अंतर नहीं करती है, लेकिन सामुदायिक संचरण का एक नक्शा प्रदान करती है। यह सीधे आबादी में हस्तक्षेप किए बिना प्रकोपों का पूर्वानुमान लगाने और टीकाकरण अभियानों की प्रभावशीलता का मूल्यांकन करने की अनुमति देता है।
शौचालय: महामारी विज्ञान का नया सहयोगी 🚽
किसने सोचा होगा। हम जो शौचालय में बहा देते हैं, वह अब विज्ञान के लिए सोने की खान साबित हो रहा है। शोधकर्ता एक प्लंबर की गंभीरता के साथ खून के नमूने लेने से लेकर पाइपों में खोजबीन करने तक आ गए हैं। शौचालय, वह वस्तु जिसे हम उपयोग करने के बाद देखने से बचते हैं, एक शानदार मुखबिर बन गया है। अगर हम ऐसे ही चलते रहे, तो जल्द ही सीवर हमारा पहला क्लिनिक होगा जहाँ हम बिना अपॉइंटमेंट के जाएँगे।