अर्जेंटीना के टेनिस खिलाड़ी टॉमस बोर्गेस ने जैनिक सिनर के खिलाफ अपना पहला मैच याद किया, जब इटालियन अभी तक विश्व रैंकिंग पर हावी नहीं हुआ था। बोर्गेस ने स्वीकार किया कि उस समय उन्होंने कल्पना नहीं की थी कि उनका प्रतिद्वंद्वी शीर्ष पर पहुंचेगा। यह किस्सा बताता है कि कैसे खेल उन उभारों से हैरान कर सकता है जिनकी किसी को उम्मीद नहीं होती। पहली छापें हमेशा भविष्य की सफलता की भविष्यवाणी नहीं करतीं।
कैसे कृत्रिम बुद्धिमत्ता खिलाड़ियों में छिपी क्षमता का विश्लेषण करती है 🤖
मशीन लर्निंग सिस्टम प्रतिक्रिया गति और खेल पैटर्न जैसे प्रदर्शन डेटा को संसाधित करते हैं, ताकि उभरती प्रतिभाओं की पहचान की जा सके। TennisViz जैसे प्लेटफॉर्म एल्गोरिदम का उपयोग करते हैं जो शुरुआती मैचों के आधार पर एक खिलाड़ी के विकास की भविष्यवाणी करते हैं। यह क्लबों और कोचों को जनता द्वारा पहचाने जाने से पहले भविष्य के नंबर एक खिलाड़ियों का पता लगाने में सक्षम बनाता है। प्रौद्योगिकी उस त्रुटि के मार्जिन को कम करती है जो बोर्गेस और अन्य ने सिनर का मूल्यांकन करते समय किया था।
बोर्गेस की तेज नज़र: सिनर को देखा और सोचा कि वह एक प्रशिक्षु है 😅
बोर्गेस ने स्वीकार किया कि सिनर उन्हें एक ठीक-ठाक प्रतिद्वंद्वी लगा, लेकिन भविष्य का राजा नहीं। मतलब, अगर उन्होंने उस पर दांव लगाया होता, तो आज वे दांव चुकाने के लिए कर्ज मांग रहे होते। अच्छा हुआ कि इटालियन ने दर्शकों की भविष्यवाणियों पर ध्यान नहीं दिया और अपनी योजना पर चलता रहा। क्योंकि अगर उसने पहली छापों पर ध्यान दिया होता, तो अब वह एक बाजार में रैकेट बेच रहा होता।