कृत्रिम बुद्धिमत्ता आगे बढ़ रही है और इसके साथ ही रोजगार, गोपनीयता और असमानता पर इसके प्रभाव को लेकर बहस छिड़ गई है। एंथ्रोपिक जैसी कंपनियां सार्वजनिक रिपोर्टों में इन जोखिमों को स्वीकार करती हैं, लेकिन बिना कोई ठोस समाधान प्रस्तावित किए केवल चेतावनी देने तक ही सीमित रहती हैं। इस बीच, श्रमिकों और नागरिकों को ही एक अनिश्चित भविष्य के लिए खुद को ढालना पड़ रहा है, जिसकी लागत उन्होंने पैदा नहीं की।
कार्य पुनर्प्रशिक्षण और गोपनीयता: दो अधूरे कार्य 🤖
AI प्रणालियों के विकास के लिए ऐसे उपायों की आवश्यकता है जैसे कि तकनीकी कंपनियों द्वारा स्वयं वित्तपोषित पुनर्प्रशिक्षण कार्यक्रम, न कि सार्वजनिक खजाने से। इसके अलावा, व्यक्तिगत डेटा की सुरक्षा के लिए ऑडिट करने योग्य तंत्रों की आवश्यकता है, जैसे कि पूर्वाग्रहों की बाहरी जाँच और सत्यापन योग्य एन्क्रिप्शन, जो उपयोगकर्ताओं को यह जानने में सक्षम बनाए कि उनकी जानकारी का उपयोग कैसे किया जाता है। इन कदमों के बिना, जोखिमों के बारे में चेतावनियाँ खोखले भाषण बनकर रह जाती हैं जो वास्तविक नुकसान को कम नहीं करती हैं।
हमें चेतावनी देने के लिए धन्यवाद, अब बिल का भुगतान करें 💸
एंथ्रोपिक हमें बताता है कि AI हमारी नौकरी छीन सकता है, लेकिन उसका समाधान यह है कि हम अपने दम पर प्रशिक्षण लें। यह ऐसा है जैसे कोई डॉक्टर किसी बीमारी का निदान करे, आराम की सलाह दे और फिर आपसे अस्पताल के बिस्तर का किराया वसूले। इस बीच, वे लाखों कमाते हैं और हम अपनी जेब से ऑनलाइन कोर्स करते हैं। कम से कम, वे हमें नौकरी से निकाले जाने से निपटने के लिए ChatGPT सब्सक्रिप्शन पर छूट तो दे सकते हैं।