ओपनएआई कोडेक्स और क्लाउड ओपस 4.6 जैसी उन्नत संस्करणों के आगमन ने विकास में एक परिवर्तन को तेज कर दिया है। कई प्रोग्रामर अब प्राकृतिक भाषा में कार्यक्षमताओं का वर्णन करते हैं और AI को कोड उत्पन्न करने, परीक्षण करने और डिबग करने देते हैं। यह समुदाय में एक प्रश्न उठाता है: क्या पारंपरिक प्रोग्रामिंग को एक मॉडल द्वारा प्रतिस्थापित किया जा रहा है जहां इंजीनियर पर्यवेक्षण और डिजाइन करता है, लेकिन मैन्युअल रूप से लाइनें नहीं लिखता?
प्रॉम्प्ट से तैनाती तक: एक सहायता प्राप्त कार्यप्रवाह ⚙️
प्रक्रिया प्राकृतिक भाषा में एक विस्तृत विनिर्देश से शुरू होती है। AI संदर्भ का विश्लेषण करता है, वास्तुकलाओं का सुझाव देता है और प्रारंभिक कोड लिखता है। फिर, एकीकृत उपकरण यूनिट परीक्षण चलाते हैं, *bugs* की पहचान करते हैं और सुधारों का प्रस्ताव देते हैं। डेवलपर परिवर्तनों की समीक्षा करता है, परिणाम को परिष्कृत करने के लिए प्रॉम्प्ट्स को समायोजित करता है और सिस्टम एकीकरण तथा संसाधन अनुकूलन पर ध्यान केंद्रित करता है, जो अभी भी मानवीय विवेक की आवश्यकता रखते हैं।
प्रॉम्प्ट केयरटेकर के गौरवपूर्ण पेशे में स्वागत 😅
हमारा नया भूमिका AI को लगातार अधिक विस्तृत विवरणों से खिलाना है, जैसे कि हम किसी कम्प्यूटिंग में डॉक्टरेट वाले बैरिस्टा से बहुत विशिष्ट कॉफी मांग रहे हों। हम घंटों वाक्यों को पॉलिश करने में बिताते हैं ताकि मॉडल अपनी मर्जी से कबूतर संदेशवाहकों वाली डेटाबेस लागू न कर दे। स्टार स्किल अब एल्गोरिदम जानना नहीं, बल्कि वह कुंजी शब्द अनुमान लगाना है जो सब कुछ अनंत *hello world* में बदलने से रोके।